क्या Truecaller एप्प के ज़रिये आपके साथ हो रहा फ्राड…

मंगलवार को ट्विटर पर एक यूजर ने लिखा ‘सुबह उठ कर जब मैंने अपना एंड्रॉयड फोन चेक किया तो Truecaller ऐप अपडेट चुका था. साथ ही में ऐसे ही कुछ और ऐप भी अपडेट हुए थे.अपडेट होने के तुरंत बाद ऐप ने मेरे फोन से किसी अनजान नंबर को एनक्रिप्टेड SMS किया था, जिसके तुरंत बाद ICICI बैंक की ओर से मुझे SMS मिला. उसमें लिखा था- ‘UPI के लिए आपका रजिस्ट्रेशन शुरू हो गया है.’

TrueCaller ने अपनी सफाई में कहा की ‘हमने True Caller के लेटेस्ट अपडेट में एक बग पाया है जो पेमेंट फीचर को प्रभावित कर रहा है और खुद से इसके लिए रजिस्टर करा रहा है. यह एक बग था और इसे हमने डिस्कंटिन्यू कर दिया है, अब कोई भी यूजर्स इससे प्रभावित नहीं होंगे. हमें खेद है कि यह वर्जन हमारे क्वॉलिटी स्टैंडर्ड को मैच नहीं कर पाया. हमने क्विक फिक्स किया है और एक नए वर्जन का अपडेट जारी कर दिया है. जो यूजर्स इससे प्रभावित हैं वो जल्द ही अपना ऐप अपडेट कर लें, इसके साथ यूजर्स मेन्यू में जा कर डी रजिस्टर कर सकते हैं’

सबसे बडी गौर करने की बात है इस यूजर का ICICI बैंक के साथ कोई अकाउंट ही नहीं है. लेकिन Truecaller ने अपने UPI बेस्ड पेमेंट सर्विस के लिए ICICI बैंक के साथ साझेदारी की है. इसका मतलब साफ है कि Truecaller द्वारा यूजर की इजाजत लिए बगैर ही UPI रजिस्ट्रेशन कराया जा रहा है.ट्विटर पर इसी घटना का जिक्र ढेरों यूजर्स द्वारा किया जा रहा है. मतलब यह एक व्यक्ति के साथ हुई घटना या संयोग मात्र नही है यह सब सोचि समझी साजिश के तहत हो रहा है बस यह समझ लीजिए आप लोगों लूटने की पूरी तैयारी हो चुकी है वो भी आपकी पूरी सहमति के साथ पोस्ट के अंत मे आपको इससे बचने के उपाय बताऊँगा लेकिन पहले असली कहानी पढ़ लीजिये ….
Truecaller एक ऑनलाइन फ़ोन डायरेक्टरी सेवा प्रदान करने वाली बहुत बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनी है एक सॉफ्टवेयर कंपनी नए प्रोडक्ट अपडेट या लॉन्च से पहले बहुत प्रकार की टैस्टिंग होती है मैनुअल से लेकर ऑटोमेटेड टेस्टिंग इतनी गहरी और बारीक होती है कि उसमें बग पाए जाने की संभावना बहुत कम हो जाती है और अगर प्रोडक्ट लॉन्च भी करना होता है तो पहले बीटा टेस्टिंग होती है अर्थात कुछ ही लोगो के पास नया वर्जन होता है
एक अनुभवी सॉफ्टवेयर प्रोफेशनल के तौर पर यह कह सकता हूँ Truecaller का बग वाला बहाना बिलकुल खोखला है क्योंकि एक ऑटोमेटेड सिस्टम में बग आने की संभावना बहुत कम होती है और बग अगर आपको एक कार्य विशेष करने को मजबूर करे तो मामला कुछ और ही हो सकता है या तो ऐसा बग बनाया गया है या इस एप्प पर सायबर अटैक हुआ है कुछ भी हो पर असली मकसद आपका डाटा चुराना है और फिर उसका उपयोग करके आपकी गाढ़ी कमाई को लूटना है

ग्रेट हैक के पहली पोस्ट में ऑनलाइन फ्राड और सायबरवार के खतरे को बता चुका हूँ कई लोग इससे बचने के उपाय पूछ रहे है वैसे तो हर मशीन को हैक किया जा सकता है लेकिन फिलहाल दो काम कीजिये
1.जिस सिम से स्मार्टफोन चलाते है उस सिम से अपने आधार, बैंक और यूपीआई को कनेक्ट मत करिए अर्थात कोई दुसरा नंबर ओटीपी के लिए रखिये वो भी किसी बेसिक फोन पर ताकि आप आप किसी बड़े ऑनलाइन ऑटोमेटेड फ्राड से हमेशा बचे रहे
2. सोशल मीडिया के लिए अलग सिम और ईमेल का उपयोग कीजिये और अगर आपको डिजिटल पेमेंट करना नही आता है तो बगैर पूरा समझे कोई भी ऑनलाइन ट्रांजेक्शन मत करिए
भारत सरकार जब तक डाटा और सायबर पॉलिसी नही लाती तब तक हमे हमारी सुरक्षा खुद ही करनी है अपने मेहनत की कमाई को इन डाटाचोरो से बचाकर रखिये
ईश्वर सरकार को सद्बुद्धि प्रदान करे ।

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.